अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की सप्लाई में
इजाफा होने की संभावना से
इसके भाव में गिरावट देखी जा रही है,
गुरुवार को भारी उठापटक
के बाद कच्चा तेल हल्की रिकवरी के साथ बंद
हुआ था लेकिन शुक्रवार
को सप्लाई बढ़ने की आशंका से
इसकी कीमतों में गिरावट फिर लौटी है।
नायमेक्स पर कच्चा तेल फिलहाल करीब एक फीसदी की गिरावट के साथ 43.50 डॉलर
प्रति बैरल के करीब कारोबार कर रहा है, विदेशी बाजार में आई इस नरमी का असर घरेलू बाजार पर भी दिख सकता है और कमोडिटी एक्सचेंज MCX पर कच्चा तेल नरमी के साथ शुरुआत कर सकता है, गुरवार को MCX पर कच्चा तेल हल्की बढ़त के साथ 2,954 रुपये
प्रति बैरल पर बंद हुआ था।
दरअसल कच्चे तेल के अहम निर्यातक देश लीबिया और नाइजीरिया से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की सप्लाई बढ़ी है, साथ में ईरान से भी सप्लाई में लगातार इजाफा हो रहा है। हाल के दिनों में लीबिया के प्रमुख तेल निर्यातक बंदरगाहों से निर्यात बढ़ना शुरू हुआ है, साथ में ईरान ने भी कोरिया सहित कई देशों को निर्यात बढ़ाना शुरू किया है। इन सभी देशों की ओर से कच्चे तेल की सप्लाई में हुई बढ़ोतरी की वजह से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट बनी हुई है।
आज शाम को अमेरिका के तेल कुओं के आंकड़े जारी होने हैं और ऐसी संभावना जताई जा रही है कि 16 सितंबर को खत्म होने वाले हफ्ते में भी अमेरिका में तेल कुओं की संख्या बढ़ेगी, अगर ऐसा होता है तो इससे भी कच्चे तेल की कीमतों पर दबाव दिख सकता है। 9 सितंबर को खत्म हुए हफ्ते के दौरान अमेरिका में तेल कुओं की संख्या में 7 का इजाफा हुआ था ओर कुल कुएं 414 तक पहुंच चुके हैं।





